व्यापारी बोले, दंगा पीड़ितों के प्रति है सहानुभूति, उपद्रवियों के खिलाफ होनी चाहिए कार्रवाई

समाचार शगुन, हल्द्वानी उत्तराखंड 
प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल उत्तराखंड के प्रदेशाध्यक्ष ने सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा है। इसमें कहा गया है कि मुस्लिम समुदाय के व्यापारियों की दुकानों को प्रमाणिकता के साथ खोला जाय, उसके पीछे किसी को ठेस पहुंचाने की नहीं थी, उनका वक्तव्य सिर्फ इतना था कि सालग का समय चल रहा है। लोगों ने विवाह समारोह के लिए कपड़े, ज्वेलरी सहित अन्य सामान बुक करवाया है। दुकानें बंद होने से जनता को परेशानी हो रही है, विवाह समारोह संबंधित सामान बुक करवा कर अग्रिम धनराशि जमा की है। टेलर की दुकानों में लाखों रुपये के कपड़े पड़े है शादी विवाह हेतु बैंड, लाईट इत्यादि बुकिंग की गई है, हजारों रुपये एडवांस है,वैवाहिक समय है इसलिए अनुरोध किया गया था, इसका ये मतलब बिल्कुल भी नहीं लगाया जाना चाहिए कि व्यापार मंडल उपद्रवियों के बचाव में है, संगठन पुनः प्रशासन से अनुरोध करता है कि किसी भी दंगाइयों को किसी भी कीमत में न छोड़ा जाय और कठोर से कठोर सजा दी जाय। संगठन दंगा पीड़ितों के प्रति अपनी सहानभूति रखता है। इस वक्तव्य से किसी पीड़ित को व्यक्तिगत ठेस पहुंची है तो संगठन क्षमा प्रार्थी है लेकिन इसे गलत रूप से प्रचारित किया जा रहा है जो गलत है। संगठन कभी भी व्यक्तिगत महत्वकांशा नहीं रखता,संगठन अपने दंगा पीड़ित प्रशासन और पत्रकार मित्रों के साथ था है और रहेगा। उनके जल्द स्वास्थ्य लाभ की कामना करता है। गौरतलब है कि बीते दिन व्यापार मंडल के समुदाय विशेष के लोगों की दुकानें खोलने की मांग उठाई थी, इस पर तमाम संगठनों ने ऐतराज किया था। इसके बाद व्यापार मंडल की ओर से प्रतिक्रिया दी गई है।