समाचार शगुन उत्तराखंड
नई पीढ़ी को उत्तराखंडी साहित्य,संस्कृति से जोड़ने के अभियान के तहत उत्तराखंडी लोककवियों की कविताओं,गीतों की संगीतमय प्रस्तुति पर 1 नवंबर रविवार को रामनगर में एक भव्य कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा उपरोक्त निर्णय दुदबोली की बैठक में लिया गया। उत्तराखंडी संस्कृति अर लोकभाषाओं की चिना़ंण पछ्यांण का वास्ता सतत प्रयत्नशील संस्था “दुदबोलि” द्वारा उत्तराखंडी लोक साहित्य का जण्यां-मण्यां साहित्यकारों की कविताओं व गीतो का यह कार्यक्रम पर्वतीय सभा लखनपुर में उर्याया जा रहा है। उत्तराखंड’म पैल बखत आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में उत्तराखंडी लोकसहित्य अर्थात कुमाउनी,गढ़वाली, जौनसारी,नेपाली आदि के कवियों की कविताओं,गीतों की संगीतमय प्रस्तुति की जाएगी। बैठक में प्रो गिरीश चंद पंत,निखिलेश उपाध्याय , महेंद्र आर्या , धर्मेंद्र नेगी, नंदराम आर्या, चंद्रप्रकाश खाती, नवीन तिवारी, डा.अशोक जोशी, डा.निशांत पपनै, हरीश आर्या, हरिमन, बीएस डंगवाल,जितेंद्र बिष्ट, नवेंदु मठपाल, ललित बिष्ट, तुषार बिष्ट, हेमंत कुमार, भुवन पपनै, दिनेश जोशी आदि
मौजूद रहे।
