सावधान: उत्तराखंड में भारी बारिश की चेतावनी, नैनीताल जिले में 21 व 22 जुलाई को रेड अलर्ट

समाचार शगुन उत्तराखंड 
मौसम विभाग ने उत्तराखंड में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। अगले 24-48 घंटे सतर्क रहने की चेतावनी दी गई है। उत्तराखंड के कुमाऊं में ऑरेंज अलर्ट और गढ़वाल में येलो अलर्ट जारी किया गया है। गढ़वाल के अधिकांश जिलों और राजधानी देहरादून में बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने बारिश को देखते हुए लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। साथ ही नदी-नालों के पास जाने से बचने की चेतावनी जारी की है। प्रदेश के चार जिलों में भारी बारिश होने की आशंका है। मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से देहरादून समेत पौड़ी, चम्पावत और नैनीताल जिले के कुछ हिस्सों में तेज गर्जन के साथ भारी बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, टिहरी, पिथौरागढ़, बागेश्वर, अल्मोड़ा, हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जिले के कुछ इलाकों में कई दौर की तेज बारिश होने के भी आसार हैं। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है अगले तीन से चार दिन प्रदेश भर के पर्वतीय जिलों के साथ मैदानी इलाकों में भी तेज बारिश होने की संभावना है।

 

नैनीताल जिले में 21 और 22 जुलाई को रेड अलर्ट 

अपर जिलाधिकारी पीआर चौहान ने बताया कि मौसम विभाग के जारी पूर्वानुमान के अनुसार 21 और 22 जुलाई को जिले के कुछ इलाकों में भारी से अत्यन्त भारी बारिश होने की संभावना को देखते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। जिसको देखते हुए अपर जिलाधिकारी ने बताया कि इस अवधि में अतिवृष्टि/ओलावृष्टि/आंधी तूफान से संभावित क्षति एवं मार्ग बाधित होने, नगरीय-ग्रामीण और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में होने वाली घटनाओं आदि से तत्परता से निपटने हेतु जनपद के समस्त अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रहेंगे। उन्होंने बारिश के दौरान सभी को सतर्क रहने के अपील की। उन्होंने जिले के सभी एसडीएम को जलजमाव वाले क्षेत्रों में सभी सुरक्षात्मक उपाय, जोखिम भरे स्थानों से लोगों को तुरंत स्थानांतरित करने, स्थानीय निकाय पर्याप्त मशीनरी और जनशक्ति को अलर्ट पर रखने,स्वास्थ्य टीम अलर्ट मोड पर रहते हुए गर्भवती महिलाओं और बीमार लोगों को अस्पतालों में स्थानांतरित करने,आवासीय क्षेत्रों में पानी जाने से रोकने के लिए सभी उपाय और सभी विभागों को संपर्क में रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विशेषकर जिले में अतिवृ्ष्टि के दौरान पेड़ों के गिरने से यातायात बाधित होने के दृष्टि पेड़ों के त्वरित निस्तारण के साथ सतर्कता बनाएं रखें।लोनिवि के समस्त खण्डों मे भूस्खलन से संवेदनशील मार्गां पर उक्त अवधि में जेसीबी मशीनो एवं गैंग कार्मिकों की तैनाती सुनिश्चित की जाए तथा वैकल्पिक मार्गों को यातायात हेतु सुगम रखा जाए। अपर जिलाधिकारी ने कहा कि समस्त जिला, परगना, विकास खण्ड एवं सम्बन्धित क्षेत्र के अधिकारी अपने-अपने मुख्यालय पर बने रहेंगे तथा अधिकारी, कर्मचारी अपने मोबाइल 24 घंटे ऑन रखेंगे तथा प्रत्येक घण्टे की आपदा सम्बन्धी सूचना तहसील कन्ट्रोल रूम एवं जिला आपातकालीन परिचालन केन्द्र 05946-231178 / 231179 तथा ट्रोल फ्री नम्बर 1077 पर आवश्यक रूप से सूचना उपलब्ध कराना सुनिश्चित करेंगे।